लुधियाना (संजय मिंका)- इंटरनेशनल स्कूल ऑफ डिज़ाइन (आईएनएसडी), दुगरी, लुधियाना द्वारा ‘मस्ती की पाठशाला’
एक रंगारंग छात्र सहभागिता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में फैशन डिज़ाइन, इंटीरियर डिज़ाइन, ग्राफिक डिज़ाइन सहित विभिन्न रचनात्मक पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने फैशन रैंप वॉक, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, मनोरंजक खेलों, टीम-बिल्डिंग गतिविधियों और कई रोचक प्रतियोगिताओं के माध्यम से अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और रचनात्मक सोच का शानदार प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने अपने अनुभव भी साझा किए और बताया कि आईएनएसडी ने उन्हें उद्योग की जरूरतों के अनुरूप कौशल, आत्मविश्वास और नई सोच विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।इस अवसर पर आईएनएसडी लुधियाना की निदेशक चीना मारवाहा ने विद्यार्थियों को अपनी रचनात्मकता को नई ऊंचाइयों तक ले जाने और नवाचार के साथ उभरती तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। वहीं क्रिएटिव स्ट्रैटेजिस्ट शायला मारवाहा ने अनुभवात्मक शिक्षा, टीमवर्क और आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षण की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि बदलते रचनात्मक उद्योग में सफलता के लिए विद्यार्थियों का तकनीकी रूप से सक्षम होना बेहद आवश्यक है।आईएनएसडी लुधियाना में फैशन डिज़ाइन, इंटीरियर डिज़ाइन, ग्राफिक डिज़ाइन सहित कई रचनात्मक क्षेत्रों में शॉर्ट-टर्म कोर्स, डिप्लोमा, बैचलर और मास्टर डिग्री प्रोग्राम संचालित किए जाते हैं। संस्थान अपने पाठ्यक्रम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल टूल्स और नवीनतम इंडस्ट्री प्रैक्टिसेज़ को शामिल कर विद्यार्थियों को भविष्य के लिए तैयार करने और व्यावहारिक कौशल प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।कार्यक्रम का समापन उत्साह और उल्लास के माहौल में हुआ। विद्यार्थियों ने नई यादों, मजबूत आपसी संबंधों और अपने रचनात्मक सपनों को साकार करने के नए उत्साह के साथ कार्यक्रम को यादगार बताया। ‘मस्ती की पाठशाला’ ने एक बार फिर यह साबित किया कि आईएनएसडी शिक्षा को केवल कक्षा तक सीमित नहीं रखता, बल्कि उसे रोचक, व्यावहारिक और प्रेरणादायक बनाकर नई पीढ़ी के रचनात्मक पेशेवरों को तैयार करने का कार्य कर रहा है।
